नई दिल्ली: वैदिक पंचांग के अनुसार, सोमवार 15 सितंबर को आश्विन माह के कृष्ण पक्ष की नवमी तिथि है। यह दिन मृत माताओं के श्राद्ध और तर्पण के लिए समर्पित होता है। इस शुभ अवसर पर मृत माताओं का श्राद्ध, तर्पण और पिंडदान किया जाता है। इससे मृत माताओं को मोक्ष की प्राप्ति होती है।
ज्योतिषियों की मानें तो शनिवार 15 सितंबर को ग्रहों के राजकुमार बुध देव राशि परिवर्तन करेंगे। बुध देव के राशि परिवर्तन करने से कई राशि के जातकों के जीवन में नया सवेरा होगा। इन राशियों को कारोबार में मनमुताबिक सफलता मिलेगी। आइए, इन राशियों के बारे में जानते हैं-
बुध देव के कन्या राशि में गोचर करने से मकर राशि के जातकों की किस्मत पलट सकती है। बुध देव आपको सभी क्षेत्रों में सफलता प्रदान करेंगे। आपके भाग्य में वृद्धि होगी। आप सदाचारी होंगी। श्रेष्ठ और कुलीन लोगों से आपकी मित्रता हो सकती है।
मंगल देव की कृपा से आप ऊर्जावान रहेंगे। विभिन्न प्रकार के भौतिक सुखों की प्राप्ति होगी। शत्रुओं पर आपको विजयश्री प्राप्त होगी। परिवार में आपका सम्मान बढ़ेगा। धन-धान्य में बढ़ोतरी होगी। हालांकि, आपको अपनी वाणी पर कंट्रोल रखना होगा। शारदीय नवरात्र के दौरान देवी मां दुर्गा की भक्ति भाव से पूजा करें।
बुध देव के राशि परिवर्तन करने से कई मामलों में लाभ हो सकता है। खासकर, ससुराल पक्ष से लाभ मिलेगा। आपका पार्टनर धनवान होगा। कुलीन घर में आपका विवाह हो सकता है। बुध देव की कृपा से आपको करियर और कारोबार में मनमुताबिक सफलता मिलेगी।
कुछ नया करने का विचार मन में आ सकता है। पार्टनर से धन लाभ होगा। हालांकि, पार्टनर से संभलकर रहना होगा। अन्य विद्या अर्जन करने में आप सफल होंगे। आप लेखक या संपादक हो सकते हैं। शारदीय नवरात्र के दौरान तामिसक चीजों का सेवन बिल्कुल न करें। कारोबार में लाभ हो सकता है।




