खरीफ का मौसम लगभग समाप्त हो चुका है और अब धान की कटाई जारी है. इसी के साथ रबी सीजन की शुरुआत भी हो चुकी है और किसानों ने सरसों की बुवाई शुरू कर दी है. लेकिन कई किसानों के साथ ऐसा हुआ है कि वे सरसों की बुवाई के समय खेत में खाद नहीं डाल पाए, कभी समय की कमी से, तो कभी खाद की उपलब्धता न होने के कारण. अगर आपके साथ भी ऐसा हुआ है, तो टेंशन लेने की कोई जरूरत नहीं है! कृषि विशेषज्ञों के अनुसार, कुछ आसान उपाय अपनाकर आप फसल को पहले जैसी बढ़िया पैदावार दे सकते हैं.
इस तरह डालें खाद
कृषि विज्ञान केंद्र सुल्तानपुर में कार्यरत कृषि वैज्ञानिक डॉ. एके सिंह बताते हैं कि कई बार किसान धन की कमी या खाद न मिलने के कारण बुवाई के समय खाद नहीं डाल पाते. इससे सरसों की पैदावार पर असर पड़ता है, लेकिन बुवाई के बाद भी कुछ उपाय करके इस कमी को पूरा किया जा सकता है.
कृषि विज्ञान केंद्र सुल्तानपुर में कार्यरत कृषि वैज्ञानिक डॉ. एके सिंह बताते हैं कि कई बार किसान धन की कमी या खाद न मिलने के कारण बुवाई के समय खाद नहीं डाल पाते. इससे सरसों की पैदावार पर असर पड़ता है, लेकिन बुवाई के बाद भी कुछ उपाय करके इस कमी को पूरा किया जा सकता है.
पहली सिंचाई के समय डालें खाद
डॉ. सिंह ने बताया कि अगर सरसों की बुवाई के समय खाद नहीं डाल पाए हैं, तो चिंता न करें. पहली सिंचाई (बुवाई के 30-35 दिन बाद) के समय यूरिया और सल्फर (गंधक) जैसी आवश्यक खाद खेत में डालें. इसके अलावा आप 0-0-50 और 19-19-19 खाद को मिलाकर डाल सकते हैं. इससे पौधे को जरूरी पोषक तत्व मिलते हैं और पैदावार में कोई कमी नहीं आती.
डॉ. सिंह ने बताया कि अगर सरसों की बुवाई के समय खाद नहीं डाल पाए हैं, तो चिंता न करें. पहली सिंचाई (बुवाई के 30-35 दिन बाद) के समय यूरिया और सल्फर (गंधक) जैसी आवश्यक खाद खेत में डालें. इसके अलावा आप 0-0-50 और 19-19-19 खाद को मिलाकर डाल सकते हैं. इससे पौधे को जरूरी पोषक तत्व मिलते हैं और पैदावार में कोई कमी नहीं आती.
कब-कब डालें खाद
अगर आप बुवाई के समय खाद नहीं डाल पाए हैं, तो पहली और दूसरी सिंचाई के समय टॉप ड्रेसिंग के रूप में खाद डालना फायदेमंद होता है. यूरिया को दो या तीन हिस्सों में बांटकर डालें- एक भाग पहली सिंचाई के साथ और बाकी बाद की सिंचाइयों में. यदि आपके खेत में सिंचाई की सुविधा नहीं है, तो बुवाई के समय ही गोबर की खाद, यूरिया, सिंगल सुपर फॉस्फेट और पोटाश डाल देना चाहिए ताकि फसल को शुरुआती पोषण मिल सके.
अगर आप बुवाई के समय खाद नहीं डाल पाए हैं, तो पहली और दूसरी सिंचाई के समय टॉप ड्रेसिंग के रूप में खाद डालना फायदेमंद होता है. यूरिया को दो या तीन हिस्सों में बांटकर डालें- एक भाग पहली सिंचाई के साथ और बाकी बाद की सिंचाइयों में. यदि आपके खेत में सिंचाई की सुविधा नहीं है, तो बुवाई के समय ही गोबर की खाद, यूरिया, सिंगल सुपर फॉस्फेट और पोटाश डाल देना चाहिए ताकि फसल को शुरुआती पोषण मिल सके.




