सुकमा : जिले में लोकतांत्रिक प्रक्रिया को मजबूत बनाने और प्रत्येक पात्र नागरिक तक निर्वाचन सुविधाओं की पहुंच सुनिश्चित करने के उद्देश्य से प्रशासन द्वारा “बस्तर मुन्ने–नियद नेल्लानार 2.0” अभियान को तेज गति से संचालित किया जा रहा है। कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी अमित कुमार के मार्गदर्शन में गुरुवार को कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में बीएलओ और सुपरवाइजरों की महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई, जिसमें मतदाता सूची के शत-प्रतिशत अद्यतन और मतदाता पहचान पत्र वितरण को लेकर व्यापक रणनीति बनाई गई। प्रशासन की इस सक्रिय पहल से दूरस्थ क्षेत्रों के नागरिकों को भी लोकतांत्रिक व्यवस्था से जोड़ने का मार्ग प्रशस्त हो रहा है।
बैठक में कलेक्टर अमित कुमार ने स्पष्ट निर्देश दिए कि जिले में ऐसे सभी मतदाता, जिनके पास अब तक एपिक कार्ड उपलब्ध नहीं हैं या जिनकी जानकारी अधूरी है, उनका प्राथमिकता के आधार पर निराकरण किया जाए। उन्होंने बीएलओ-सुपरवाइजरों को घर-घर संपर्क अभियान चलाकर नए मतदाताओं का पंजीयन कराने, फॉर्म-6 एवं फॉर्म-8 भरवाने तथा फोटो अपडेटेशन एवं त्रुटि सुधार की प्रक्रिया को समयबद्ध ढंग से पूरा करने के निर्देश दिए। प्रशासन की इस मुहिम से नागरिकों में जागरूकता बढ़ने के साथ-साथ मतदान प्रक्रिया में उनकी भागीदारी भी मजबूत होगी।
जिला प्रशासन द्वारा विशेष मॉनिटरिंग व्यवस्था लागू करते हुए विकासखंडवार और ग्रामवार लक्ष्य निर्धारित किए गए हैं, ताकि कोई भी पात्र नागरिक मतदाता सूची से वंचित न रहे। बैठक में यह भी बताया गया कि जिन मतदाताओं के फोटो अब तक मतदाता सूची में अपलोड नहीं हुए हैं, उनका फोटो संग्रहण कर त्वरित कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन की यह संवेदनशील पहल न केवल निर्वाचन प्रक्रिया को पारदर्शी बनाएगी, बल्कि नागरिकों के अधिकारों की रक्षा में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी अमित कुमार ने कहा कि शासन की योजनाओं और लोकतांत्रिक अधिकारों का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। इसी संकल्प के साथ सुकमा प्रशासन लगातार यह सुनिश्चित कर रहा है कि प्रत्येक पात्र नागरिक का नाम मतदाता सूची में दर्ज हो और उसे समय पर मतदाता पहचान पत्र उपलब्ध कराया जाए। बैठक में डिप्टी कलेक्टर एवं उप जिला निर्वाचन अधिकारी शबाब खान, प्रोग्रामर सौरभ उप्पल, बीएलओ, सुपरवाइजर एवं निर्वाचन शाखा के कर्मचारी उपस्थित रहे।



