रायपुर: छत्तीसगढ़ और ओडिशा के बीच लंबे समय से चले आ रहे महानदी जल बंटवारा विवाद को सुलझाने की दिशा में हाल के दिनों में गतिविधियां तेज हुई हैं। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने रविवार को ओडिशा रवाना होने से पहले रायपुर एयरपोर्ट पर महानदी विवाद को लेकर बड़ा अपडेट दिया। उन्होंने कहा कि दोनों राज्यों के मुख्यमंत्री और अधिकारी हाल ही में दिल्ली में बैठक कर चुके हैं और मामला केंद्रीय जल आयोग (CWC) के स्तर पर आगे बढ़ रहा है।
मुख्यमंत्री साय ने कहा कि महानदी जल विवाद का समाधान बहुत जल्द निकलने की उम्मीद है। जुलाई 2026 में केंद्रीय जल शक्ति मंत्री सी.आर. पाटिल की अध्यक्षता में छत्तीसगढ़ और ओडिशा के मुख्यमंत्रियों तथा दोनों राज्यों के अधिकारियों की बैठक हुई थी। केंद्र सरकार के मुताबिक, बैठक में तकनीकी सहयोग और आपसी बातचीत के जरिए विवाद के समाधान की दिशा में आगे बढ़ने पर सहमति बनी थी।
CWC के जरिए समाधान की दिशा में आगे बढ़ रही प्रक्रिया
मुख्यमंत्री साय ने बताया कि दिल्ली में दोनों राज्यों के मुख्यमंत्रियों और अधिकारियों के बीच चर्चा हुई थी। इसके बाद विषय को केंद्रीय जल आयोग के स्तर पर आगे बढ़ाया गया है।
केंद्र सरकार के अनुसार, दोनों राज्यों की सरकारें तकनीकी मुद्दों पर बातचीत जारी रखने और रचनात्मक तरीके से समाधान तलाशने पर सहमत हैं। सीडब्ल्यूसी के अध्यक्ष की अध्यक्षता में विस्तारित तकनीकी समिति का गठन भी किया गया है, जिसकी पहली बैठक 29 जुलाई 2026 को हुई थी।
महानदी जल विवाद को लेकर केंद्र सरकार ने 2018 में महानदी जल विवाद न्यायाधिकरण का गठन किया था। यह विवाद ओडिशा और छत्तीसगढ़ के बीच महानदी के जल के बंटवारे से जुड़ा है।
दो दिवसीय ओडिशा दौरे पर CM साय
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय रविवार को दो दिवसीय ओडिशा दौरे के लिए रवाना हुए। इस दौरान उनकी ओडिशा के मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी के साथ विभिन्न विषयों पर चर्चा होगी।
मुख्यमंत्री साय ने बताया कि ओडिशा प्रवास के दौरान वे पुरी स्थित भगवान जगन्नाथ मंदिर में दर्शन भी करेंगे। उन्होंने कहा कि वे भगवान जगन्नाथ से छत्तीसगढ़ की खुशहाली और समृद्धि की कामना करेंगे।
कांग्रेस पर भी साधा निशाना
इंदौर में आयोजित कांग्रेस के ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम को लेकर भी मुख्यमंत्री साय ने प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए कहा कि वे जहां-जहां जाते हैं, वहां कांग्रेस का बंटाधार होता है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि यही स्थिति इंदौर और मध्य प्रदेश में भी कांग्रेस की होने वाली है। यह मुख्यमंत्री साय की राजनीतिक टिप्पणी है।



