आज से वैशाख माह की शुरुआत हो गई है. ये माह हिंदू कैलेंडर का दूसरा महीना माना जाता है. हिंदू कैलेंडर के सभी महीने महत्वपूर्ण होते हैं, लेकिन वैशाख माह का विशेष महत्व धर्म शास्त्रों में माना गया है. इस माह में जो भी धर्म कार्य किए जाते हैं और स्न्नान-दान किया जाता है उसका अक्षय पुण्य प्राप्त होता है. धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, वैशाख माह में जल का दान करने से जीवन मे सुख-समृद्धि और संपन्नता बनी रहती है. आइए जानते हैं इस माह का महत्व और मान्यताएं.
वैशाख माह का महत्व:- हिंदू धर्म में महीनों का नाम नक्षत्रों के नाम पर रखा गया है. वैशाख माह का संबंध विशाखा नक्षत्र से माना जाता है, इसलिए इस माह को वैशाख कहा जाता है. धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, इस माह में जगत के पालनहार भगवान विष्णु ने कई अवतार लिए थे. नर-नारायण, नृसिंह और भगवान परशुराम का अवतार इसी माह में हुआ था. इसके अलावा इसी माह में माता सीता भी जन्मी थीं. मान्यता है कि वैशाख माह में शुभ कार्य, दान, पुण्य और पवित्र नदी में स्नान करने से अश्वमेघ यज्ञ जितना फल प्राप्त होता है.
वैशाख माह की मान्यताएं:- शास्त्रों में वैशाख माह की महिमा का वर्णन किया गया है. शास्त्रों के अनुसार, सतुयुग की तरह कोई युग नहीं, वेदों के समान कोई शास्त्र नहीं और वैशाख जैसा कोई दूसरा माह नहीं है. यही कारण है कि इस माह को सभी महीनों में सबसे उत्तम माना गया है. इस माह में भगवान विष्णु ने मधु नाम के राक्षस अंत किया था. इस कारण इस माह को माधव माह भी कहा जाता है.
वैशाख माह 2026 की तिथि
1. हिंदू पंचांग के अनुसार, इस वर्ष वैशाख माह की प्रतिपदा तिथि की शुरुआत 02 अप्रैल 2026 को 2 अप्रैल को सुबह 7 बजकर 42 मिनट पर हुई.
2. इस तिथि का समापन आज सुबह 8 बजकर 43 मिनट पर होगा.



