आज की भागदौड़ भरी जिंदगी में ऑफिस, घर और दूसरी जिम्मेदारियों के बीच एक्सरसाइज के लिए समय निकालना कई लोगों के लिए मुश्किल हो गया है। कुछ लोग पूरे सप्ताह फिजिकल एक्टिविटी से दूर रहते हैं और शनिवार-रविवार को कई घंटों तक वर्कआउट करके इसकी भरपाई करने की कोशिश करते हैं। इस तरह की गतिविधि को आमतौर पर ‘वीकेंड वॉरियर’ कहा जाता है।
बेंगलुरु स्थित स्पर्श हॉस्पिटल के लीड कंसल्टेंट-कार्डियोलॉजी डॉ. आर.एस. वेंकटेसुलु के मुताबिक, वीकेंड पर एक्सरसाइज करना बिल्कुल निष्क्रिय रहने से बेहतर है, लेकिन लंबे समय तक शरीर को निष्क्रिय रखने के बाद अचानक बहुत ज्यादा या तेज वर्कआउट करना सही तरीका नहीं है।
क्या सिर्फ वीकेंड की एक्सरसाइज काफी है?
अगर किसी व्यक्ति को सप्ताह के दिनों में एक्सरसाइज का समय नहीं मिल पाता है, तो शनिवार और रविवार को की गई फिजिकल एक्टिविटी कुछ न करने की तुलना में फायदेमंद हो सकती है। लेकिन इसका मतलब यह नहीं है कि सोमवार से शुक्रवार तक लगातार बैठे रहें और फिर अचानक वीकेंड पर शरीर पर ज्यादा दबाव डालें।
लंबे समय तक निष्क्रिय रहने के बाद अचानक ज्यादा मेहनत करने से मांसपेशियों में चोट का खतरा बढ़ सकता है और कुछ लोगों में अचानक हृदय पर अतिरिक्त दबाव पड़ सकता है। इसलिए एक्सरसाइज की शुरुआत धीरे-धीरे करना और पूरे सप्ताह किसी न किसी रूप में शरीर को सक्रिय रखना बेहतर माना जाता है।
हेल्दी हार्ट के लिए कितनी एक्सरसाइज जरूरी?
हृदय को स्वस्थ रखने के लिए सामान्य तौर पर वयस्कों को सप्ताह में कम से कम 150 मिनट मध्यम तीव्रता वाली एरोबिक गतिविधि या 75 मिनट तेज तीव्रता वाली शारीरिक गतिविधि करने की सलाह दी जाती है।
इसे रोजाना करीब 30 मिनट की तेज चाल से वॉक के जरिए भी पूरा किया जा सकता है। इसके अलावा सप्ताह में कम से कम दो दिन मांसपेशियों को मजबूत करने वाली एक्सरसाइज शामिल करना भी उपयोगी है।
सिर्फ जिम ही नहीं, ये काम भी बढ़ाते हैं एक्टिविटी
हेल्दी रहने के लिए हर बार जिम जाना जरूरी नहीं है। तेज चलना, सीढ़ियां चढ़ना, साइकिल चलाना और लंबे समय तक लगातार बैठने के बीच छोटे-छोटे एक्टिव ब्रेक लेना भी रोज की फिजिकल एक्टिविटी बढ़ाने में मदद कर सकता है।
अगर ऑफिस में लंबे समय तक बैठकर काम करना पड़ता है, तो बीच-बीच में उठकर कुछ मिनट चलना भी रोजमर्रा की निष्क्रियता कम करने का आसान तरीका हो सकता है।
वीकेंड वॉरियर हैं तो ये तरीका अपनाएं
अगर आपके पास एक्सरसाइज के लिए सिर्फ शनिवार और रविवार को समय है, तो इन दोनों दिनों में फिजिकल एक्टिविटी जरूर करें। लेकिन कोशिश करें कि सप्ताह के बाकी दिनों में भी 10-15 मिनट की छोटी गतिविधियों को अपनी दिनचर्या में शामिल किया जाए।
दिल की सेहत के लिए केवल दो दिन बहुत ज्यादा वर्कआउट करने के बजाय पूरे सप्ताह नियमित रूप से एक्टिव रहना ज्यादा महत्वपूर्ण है। खासकर लंबे समय से एक्सरसाइज नहीं करने वाले लोगों को अचानक बहुत कठिन वर्कआउट शुरू करने के बजाय अपनी क्षमता के अनुसार धीरे-धीरे गतिविधि बढ़ानी चाहिए।



